हाइकु #1

हाइकु

1) विरह गीत
गुनगुनाती है वो,
वर्षा ऋतु में

2) सर्द रात्रि में,
है गर्म रजाई सी,
माँ तेरी याद

3) एक शाम थी
तुम थी, मैं था और
थी तन्हाई


© विकास नैनवाल 'अंजान'


2 टिप्पणियाँ

आपकी टिपण्णियाँ मुझे और अच्छा लिखने के लिए प्रेरित करेंगी इसलिए हो सके तो पोस्ट के ऊपर अपने विचारों से मुझे जरूर अवगत करवाईयेगा।

एक टिप्पणी भेजें

आपकी टिपण्णियाँ मुझे और अच्छा लिखने के लिए प्रेरित करेंगी इसलिए हो सके तो पोस्ट के ऊपर अपने विचारों से मुझे जरूर अवगत करवाईयेगा।

और नया पुराने