बुधवार, 28 फ़रवरी 2018

मिसएडवेंचर्स ऑफ़ तोताराम #१

'इलाइची मैं तुझे दुनिया तबाह नहीं करने दूँगा'- रस्सियों से जकड़ा तोताराम गुर्राया।

इलाइची ने अपने काले घने बालो को झटका और दुनिया भर की शोखी अपनी आवाज में घोलती हुई बोली- 'मेरे प्यारे तोतू। दुनिया तबाह करने के लिये तो मेरी एक अदा ही काफी है।'
वो उतरी और बलखाती हुई बंधे हुए तोताराम के नज़दीक पहुंची। फिर उसके गालों को सहलाती हुई बोली,'तुम ये मिर्ची खाओ। ये दुनिया बचाना तुम्हारे बस की नहीं।'
तोताराम अपना सा मुँह लेकर रह गया और उस दिन को कोसने लगा जब उसके पिताजी मिट्ठूलाल ने उसका नाम ये रखा था।

#तोताराम_ब्रह्मांड_का_रक्षक

© विकास नैनवाल 'अंजान'

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लघु-कथा

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